दिल्ली में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण से पहले ही पुलिस ने बड़ी कार्रवाई कर दी है। राजधानी के अलग अलग इलाकों में छापेमारी के दौरान बीस बांग्लादेशी नागरिकों को पकड़ा गया है। यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब पूरे देश में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की पहचान का अभियान तेज है। पुलिस की इस सख्ती से दिल्ली में हड़कंप की स्थिति बन गई है और प्रशासन अलर्ट मोड में नजर आ रहा है।
अवैध रूप से रह रहे थे विदेशी नागरिक
पुलिस के अनुसार पकड़े गए सभी लोग अवैध तरीके से भारत में रह रहे थे। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इनके पास वैध दस्तावेज नहीं थे। कुछ लोगों के पास भारतीय पहचान पत्र भी बरामद हुए हैं जिनकी जांच की जा रही है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि ये पहचान पत्र कैसे बने और इनके पीछे कौन सा नेटवर्क काम कर रहा था।
कहां कहां हुई कार्रवाई
दिल्ली पुलिस ने यह कार्रवाई अलग अलग इलाकों में की है। गुप्त सूचना के आधार पर टीमें बनाई गईं और संदिग्ध ठिकानों पर दबिश दी गई। पुलिस का कहना है कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। राजधानी में अवैध रूप से रह रहे किसी भी विदेशी नागरिक को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
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एसआईआर से पहले क्यों अहम है यह कदम
चुनाव आयोग की ओर से दिल्ली में जल्द ही मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण प्रस्तावित है। इस प्रक्रिया में वोटर लिस्ट की गहराई से जांच की जाती है। ऐसे में अवैध रूप से रह रहे लोगों की पहचान और उन्हें सूची से बाहर करना जरूरी माना जा रहा है। पुलिस की यह कार्रवाई इसी तैयारी से जोड़कर देखी जा रही है।
दिल्ली में लंबे समय बाद होगा पुनरीक्षण
जानकारी के अनुसार दिल्ली में पिछली बार विशेष गहन पुनरीक्षण लगभग दो दशक पहले हुआ था। इतने लंबे समय में बड़ी संख्या में बदलाव हुए हैं। कई मतदाताओं का निधन हो चुका है और कई लोग स्थान बदल चुके हैं। इस बार की प्रक्रिया में बड़ी संख्या में नाम हटने या जुड़ने की संभावना जताई जा रही है।
आगे क्या हो सकती है कार्रवाई
पुलिस और प्रशासन का कहना है कि पकड़े गए बांग्लादेशी नागरिकों से पूछताछ के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। जरूरत पड़ने पर इन्हें वापस भेजने की कार्रवाई भी की जा सकती है। वहीं एसआईआर के दौरान वोटर लिस्ट को साफ और पारदर्शी बनाने पर पूरा जोर रहेगा। आने वाले दिनों में दिल्ली में इस मुद्दे पर और हलचल देखने को मिल सकती है।