शुक्रवार को सोने की कीमतों में तेज गिरावट देखने को मिली। देश में 24 कैरेट सोना करीब 1.47 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास पहुंच गया। दिल्ली, मुंबई और कोलकाता जैसे बड़े शहरों में भी सोने के भाव में नरमी दर्ज की गई। बाजार में कमजोरी का असर निवेशकों की धारणा पर भी देखने को मिला और खरीदारी की रफ्तार कुछ धीमी रही।
चांदी में और बड़ी गिरावट
सोने के मुकाबले चांदी में ज्यादा दबाव देखने को मिला। चांदी की कीमत एक दिन में 8 हजार रुपये से ज्यादा टूट गई। कई बड़े शहरों में चांदी के भाव 2.30 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के आसपास पहुंच गए। कारोबारियों के मुताबिक हाल के दिनों में चांदी में तेजी आई थी, इसलिए मुनाफावसूली का असर भी दिखाई दिया।
ये भी पढ़ें : Train Ticket बुक करते समय भूलकर भी न करें ये गलती, IRCTC की चेतावनी के बाद जान लें नियम
गिरावट की बड़ी वजह क्या है?
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार दुनिया के कई हिस्सों में भू-राजनीतिक तनाव कम होने से निवेशकों की सुरक्षित निवेश वाली मांग घटी है। इसके अलावा शेयर बाजारों में मजबूती, डॉलर की चाल, ब्याज दरों को लेकर उम्मीदें और बड़े निवेशकों की बिकवाली ने भी सोना-चांदी पर दबाव बनाया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी दोनों कीमती धातुओं की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई, जिसका असर भारतीय बाजार पर पड़ा।
क्या अभी खरीदारी करनी चाहिए?
विशेषज्ञों का कहना है कि अल्पकाल में कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है और यह कहना मुश्किल है कि गिरावट पूरी तरह रुक गई है। हालांकि लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह स्तर आकर्षक माना जा सकता है। उनका मानना है कि केंद्रीय बैंकों की खरीद, बढ़ता वैश्विक कर्ज और आर्थिक अनिश्चितता जैसे कारण आगे भी सोने-चांदी को सहारा दे सकते हैं। इसलिए जिन लोगों का निवेश का नजरिया लंबा है, वे धीरे-धीरे खरीदारी पर विचार कर सकते हैं, लेकिन एकमुश्त निवेश करने के बजाय चरणबद्ध निवेश ज्यादा सुरक्षित माना जा रहा है।