India 2036 Olympics Bid : भारत ने 2036 ओलंपिक खेलों की मेजबानी को लेकर अपनी दावेदारी और मजबूत कर दी है। इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी (IOC) ने पुष्टि की है कि भारत उन सात देशों में शामिल है जिन्होंने 2036 ओलंपिक की मेजबानी में रुचि दिखाई है। भारत के अलावा जर्मनी, कतर और तुर्की समेत कई अन्य देश भी इस रेस में शामिल हैं। अब सभी देशों को अपने-अपने प्रोजेक्ट और योजनाएं IOC के सामने पेश करनी होंगी।
'Rising Together' होगा भारत का विजन
खेल मंत्री मनसुख मंडाविया और भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) की अध्यक्ष पीटी उषा ने बताया कि भारत की दावेदारी का विजन 'Rising Together' होगा। उनका कहना है कि यह सिर्फ एक नारा नहीं बल्कि खेलों के जरिए देश के सामाजिक और आर्थिक बदलाव का रोडमैप है। भारत इस विजन के जरिए दुनिया को एक युवा, ऊर्जावान और तेजी से आगे बढ़ते देश की तस्वीर दिखाना चाहता है।
अहमदाबाद को बनाया गया संभावित मेजबान शहर
2036 ओलंपिक की मेजबानी के लिए भारत ने अहमदाबाद को केंद्र में रखा है। यदि भारत की दावेदारी सफल होती है तो यह देश के इतिहास में पहली बार होगा जब ओलंपिक खेलों का आयोजन भारतीय धरती पर होगा। केंद्र और राज्य सरकार पहले से ही खेल बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में काम कर रहे हैं।
युवाओं और खेल संस्कृति पर रहेगा फोकस
मनसुख मंडाविया ने कहा कि ओलंपिक की मेजबानी केवल एक खेल आयोजन नहीं होगी, बल्कि यह करोड़ों युवाओं को खेलों से जोड़ने का माध्यम बनेगी। इससे खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा, रोजगार के अवसर पैदा होंगे और शिक्षा व सामाजिक विकास के क्षेत्र में भी सकारात्मक असर देखने को मिलेगा। सरकार का मानना है कि ओलंपिक देश में खेलों को नई ऊंचाई तक ले जा सकता है।
IOC किन आधारों पर करेगा फैसला?
IOC ने स्पष्ट किया है कि मेजबानी की दावेदारी का मूल्यांकन कई तकनीकी और प्रशासनिक मानकों पर किया जाएगा। इसमें वेन्यू मास्टर प्लान, एथलीट अनुभव, फंडिंग मॉडल, राजनीतिक और जनसमर्थन, आयोजन क्षमता और लंबे समय तक मिलने वाले लाभ जैसे पहलू शामिल होंगे। सभी इच्छुक देशों को अपने प्रस्तावों के साथ इन बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी देनी होगी।
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अभी लंबी है मेजबानी की प्रक्रिया
भारत इस महीने के आखिर में IOC के फ्यूचर होस्ट कमीशन के सामने अपनी पहली प्रस्तुति देगा। इसके बाद आगे के चरणों में विभिन्न स्तरों पर मूल्यांकन और बातचीत होगी। अंतिम फैसला अभी दूर है, लेकिन भारत ने साफ कर दिया है कि वह 2036 ओलंपिक की मेजबानी को लेकर पूरी गंभीरता से आगे बढ़ रहा है। अगर यह दावेदारी सफल रहती है तो यह भारतीय खेल इतिहास का सबसे बड़ा आयोजन साबित हो सकता है।