भारत और साउथ अफ्रीका के बीच निर्णायक वनडे विशाखापत्तनम में खेला जा रहा है और यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए करो-मरो जैसा बन गया है। पहले ओवर में ही भारत को सफलता मिली जब अर्शदीप सिंह ने रयान रिकेल्टन को बिना रन के चलता किया। हालांकि शुरुआती झटका लगने के बाद क्विंटन डिकॉक और कप्तान टेम्बा बावुमा ने पारी को सँभालते हुए 112 रन जोड़ दिए। बावुमा ने 48 रन बनाए और जडेजा की गेंद पर आउट हुए, लेकिन डिकॉक शुरू से ही आक्रामक अंदाज में खेलते रहे।
प्रसिद्ध कृष्णा के दो ताबड़तोड़ वार, मैच का मोमेंटम बदला
बावुमा के आउट होने के बाद भी साउथ अफ्रीका ने मैथ्यू ब्रीट्जके के साथ मिलकर 54 रन की साझेदारी की। तभी प्रसिद्ध कृष्णा ने खेल की दिशा बदल दी। उन्होंने एक ही ओवर में पहले ब्रीट्जके (24) और फिर एडेन मार्करम (1) को आउट कर दिया। लगातार दो विकेट गिरने के बावजूद डिकॉक दबाव में नहीं आए और सिर्फ 80 गेंदों में अपना 23वां वनडे शतक पूरा किया। यह भारत के खिलाफ उनका सातवां शतक है। उन्होंने 89 गेंदों पर 106 रन बनाए जिसमें 8 चौके और 6 छक्के शामिल थे। अंततः डिकॉक भी प्रसिद्ध कृष्णा की गेंद पर पवेलियन लौटे।
कुलदीप यादव की फिरकी ने पूरी पारी को उखाड़ फेंका
डिकॉक के आउट होते ही भारतीय गेंदबाजों ने मैच पर पकड़ मजबूत कर ली। कुलदीप यादव ने फिर एक बार अपने घातक स्पेल से विपक्ष को हैरान कर दिया। उन्होंने एक ही ओवर में डेवाल्ड ब्रेविस (29) और मार्को जानसेन (17) को आउट किया। इसके बाद कुलदीप ने कॉर्बिन बॉश (9) और लुंगी एनगिडी (1) के विकेट लेकर आफ्रीकी निचला क्रम उधेड़ दिया। प्रसिद्ध कृष्णा और कुलदीप दोनों ने 4-4 विकेट झटके, और साउथ अफ्रीका की टीम 49.1 ओवर में 270 रन पर सिमट गई।
इसे भी पढ़ें : डिकॉक ने बजाया ‘डंका’, 2 साल बाद संन्यास से लौटे और शतक ठोक तोड़ दिया झटके में 3 दिग्गजों का रिकॉर्ड
271 रन और सीरीज भी दांव पर
यह मुकाबला 1-1 की बराबरी पर चल रही सीरीज का अंतिम मैच है। जो टीम यह मैच जीतेगी, वह श्रृंखला पर कब्जा कर लेगी। भारत ने अपनी प्लेइंग-11 में एक बदलाव करते हुए वॉशिंगटन सुंदर की जगह तिलक वर्मा को शामिल किया। वहीं साउथ अफ्रीका ने दो बदलाव किए नांद्गे बर्गर और टोनी डी जोरजी चोटिल होने के कारण बाहर रहे, जिनकी जगह बार्टमैन और रिकेल्टन को टीम में शामिल किया गया। अब भारत को जीत के लिए 271 रन बनाने हैं और फैंस की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या टीम इंडिया दबाव में भी सीरीज जीतने का दम दिखा पाएगी।