पश्चिम एशिया में लंबे समय तक चले भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का असर अब भारत की सरकारी तेल विपणन कंपनियों पर साफ दिखाई देने लगा है। विश्लेषकों का अनुमान है कि जून तिमाही में इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम को मिलाकर करीब 47,700 करोड़ रुपये तक का नुकसान हो सकता है। इसकी सबसे बड़ी वजह बढ़ती लागत के बावजूद ईंधन और एलपीजी की कीमतों में सीमित बढ़ोतरी बताई जा रही है।
किन कंपनियों पर कितना असर?
ब्रोकरेज फर्मों के अलग-अलग अनुमानों के अनुसार तीनों सरकारी कंपनियों को भारी वित्तीय दबाव झेलना पड़ सकता है। नोमुरा का अनुमान है कि हिंदुस्तान पेट्रोलियम (HPCL) को लगभग 13,900 करोड़ रुपये, भारत पेट्रोलियम (BPCL) को 15,800 करोड़ रुपये और इंडियन ऑयल (IOCL) को करीब 17,300 करोड़ रुपये का एबिटा नुकसान हो सकता है। वहीं जेएम फाइनेंशियल ने भी कुल नुकसान का अनुमान लगभग 47,700 करोड़ रुपये लगाया है, हालांकि तीनों कंपनियों के लिए उसके आंकड़े अलग हैं।
एलपीजी पर सबसे ज्यादा दबाव
विश्लेषकों का कहना है कि घरेलू एलपीजी सिलेंडर की बिक्री कंपनियों के लिए सबसे बड़ा घाटे का सौदा बन रही है। नोमुरा के मुताबिक पहली तिमाही में प्रति घरेलू सिलेंडर अंडर-रिकवरी लगभग 560 रुपये तक पहुंच सकती है, जबकि पिछली तिमाही में यह केवल 77 रुपये प्रति सिलेंडर थी। जेएम फाइनेंशियल का अनुमान है कि केवल एलपीजी कारोबार में ही तीनों कंपनियों की कुल अंडर-रिकवरी करीब 25,000 करोड़ रुपये तक पहुंच सकती है।
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पेट्रोल-डीजल पर भी बढ़ा दबाव
हालांकि कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुछ बढ़ोतरी की थी, लेकिन कच्चे तेल की महंगाई का पूरा बोझ उपभोक्ताओं पर नहीं डाला जा सका। इसके कारण खुदरा बिक्री पर कंपनियों का मार्जिन लगातार प्रभावित हुआ है। बढ़ती लागत और सीमित मूल्य वृद्धि के चलते ईंधन कारोबार में भी वित्तीय दबाव बना हुआ है।
रोजाना बढ़ रहा घाटा
बाजार विशेषज्ञों का अनुमान है कि सरकारी तेल कंपनियों को प्रतिदिन लगभग 1,380 करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। उनका मानना है कि मौजूदा हालात में विपणन मार्जिन को सामान्य स्तर पर लाने के लिए पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब 25 रुपये प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी की आवश्यकता पड़ सकती है। विश्लेषकों के अनुसार तीनों कंपनियों में सबसे अधिक असर एचपीसीएल पर पड़ने की आशंका है, क्योंकि उसका खुदरा विपणन कारोबार अपेक्षाकृत बड़ा है।