केंद्र सरकार की PM किसान सम्मान निधि योजना के तहत अब तक किसानों को 22 किस्तों का लाभ मिल चुका है। अब सभी की नजर 23वीं किस्त पर है, लेकिन इस बार सरकार ने नियमों में बड़ा बदलाव कर दिया है। अब किसानों के लिए यूनिक फार्मर आईडी बनवाना अनिवार्य कर दिया गया है। जिन किसानों के पास यह आईडी नहीं होगी, उनकी अगली किस्त अटक सकती है या उसमें देरी हो सकती है।
क्या है यूनिक फार्मर आईडी
यूनिक फार्मर आईडी एक खास पहचान नंबर है, जिसके जरिए सरकार यह सुनिश्चित करती है कि योजना का पैसा सही और पात्र किसान के खाते में ही पहुंचे। इससे फर्जीवाड़ा रोकने और पारदर्शिता बढ़ाने में मदद मिलती है। अब इस आईडी के बिना योजना का लाभ लेना संभव नहीं होगा, इसलिए किसानों को समय रहते इसे बनवाना जरूरी है।
इन राज्यों में अनिवार्य लागू
सरकार ने कई राज्यों में इस नियम को अनिवार्य कर दिया है। इनमें उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान, गुजरात, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना, केरल, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, असम और छत्तीसगढ़ जैसे राज्य शामिल हैं। इन राज्यों के किसानों को खास तौर पर ध्यान देना होगा कि उनकी फार्मर आईडी बनी हुई हो, नहीं तो अगली किस्त अटक सकती है।
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कैसे बनवाएं फार्मर आईडी
किसान अपनी फार्मर आईडी आसानी से ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरीकों से बनवा सकते हैं। इसके लिए सरकारी कृषि पोर्टल पर जाकर रजिस्ट्रेशन किया जा सकता है। इसके अलावा नजदीकी सीएससी सेंटर या विशेष कैंप में जाकर भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। प्रक्रिया आसान है, लेकिन समय रहते इसे पूरा करना जरूरी है ताकि किसी तरह की परेशानी न हो।
कब आएगी 23वीं किस्त
इस योजना के तहत हर साल किसानों को 3 किस्तों में कुल 6000 रुपये दिए जाते हैं। आमतौर पर हर किस्त 4 महीने के अंतराल पर जारी होती है। पिछली किस्त मार्च 2026 में आई थी, ऐसे में अगली यानी 23वीं किस्त जून या जुलाई 2026 में आने की संभावना है।
अभी कर लें तैयारी
अगर आप चाहते हैं कि आपकी किस्त बिना किसी रुकावट के सीधे बैंक खाते में पहुंचे, तो तुरंत अपनी यूनिक फार्मर आईडी बनवा लें। सरकार का यह कदम पारदर्शिता बढ़ाने के लिए है, लेकिन लापरवाही करने पर किसानों को नुकसान उठाना पड़ सकता है। इसलिए समय रहते जरूरी काम पूरा करना ही समझदारी है।