PM Modis Big Meeting: नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को केंद्रीय मंत्रिपरिषद के साथ अहम समीक्षा बैठक की। करीब साढ़े चार घंटे तक चली इस बैठक में सरकार की प्रमुख योजनाओं की प्रगति, विभिन्न मंत्रालयों के कामकाज और पश्चिम एशिया में जारी तनाव के भारत पर पड़ने वाले असर को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक दिल्ली स्थित ‘सेवा तीर्थ’ में आयोजित की गई, जिसमें केंद्रीय कैबिनेट मंत्री, स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्री और राज्य मंत्री शामिल हुए।
कई अहम मंत्रालयों ने दी प्रस्तुति
सूत्रों के मुताबिक बैठक में नौ मंत्रालयों ने अपने कामकाज और योजनाओं की प्रगति पर प्रजेंटेशन दिया। सबसे पहले वाणिज्य मंत्रालय ने प्रस्तुति दी, जिसके बाद पेट्रोलियम, गृह, वित्त और विदेश मंत्रालय समेत कई विभागों के काम की समीक्षा की गई। सरकार ने आने वाले महीनों की प्राथमिकताओं और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर भी चर्चा की।
पश्चिम एशिया संकट पर खास फोकस
बैठक में पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और उसके संभावित असर को लेकर भी गंभीर चर्चा हुई। प्रधानमंत्री मोदी ने मंत्रियों से कहा कि ऐसे कदम उठाए जाएं, जिससे आम लोगों पर संकट का असर कम से कम पड़े। खासतौर पर ऊर्जा, कृषि, खाद, एविएशन, शिपिंग और लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए।
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विदेश यात्रा की जानकारी भी साझा
बैठक के दौरान डॉ. सुब्रह्मण्यम जयशंकर ने प्रधानमंत्री मोदी की हालिया पांच देशों की यात्रा को लेकर मंत्रिपरिषद को विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान विभिन्न देशों के साथ हुए समझौतों, रणनीतिक सहयोग और आर्थिक साझेदारी पर चर्चा की गई।
सरकार की प्राथमिकताओं पर हुआ मंथन
सूत्रों का कहना है कि यह इस साल मंत्रिपरिषद की पहली पूर्ण बैठक थी। बैठक में विकास योजनाओं की गति तेज करने, प्रशासनिक समन्वय मजबूत करने और वैश्विक चुनौतियों के बीच आर्थिक स्थिरता बनाए रखने पर भी जोर दिया गया।