PNG Drive 3.0 : देश में रसोई गैस की सुविधा को और आसान बनाने के लिए सरकार पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) के इस्तेमाल को बढ़ावा देने जा रही है। जिन शहरों और इलाकों में पहले से पीएनजी नेटवर्क मौजूद है, वहां अधिक से अधिक घरों तक कनेक्शन पहुंचाने के लिए नया अभियान शुरू करने की तैयारी है। इसका मकसद लोगों को सिलेंडर पर निर्भरता से राहत देना और गैस सप्लाई को अधिक सुविधाजनक बनाना है।
सितंबर में शुरू हो सकता है अभियान
जानकारी के मुताबिक, सरकार सितंबर 2026 में ‘PNG Drive 3.0’ अभियान शुरू कर सकती है। इस अभियान के तहत उन घरों पर विशेष फोकस रहेगा, जहां पीएनजी पाइपलाइन उपलब्ध है लेकिन अभी तक लोगों ने कनेक्शन नहीं लिया है। सरकार चाहती है कि मौजूदा नेटवर्क का अधिकतम उपयोग हो और ज्यादा से ज्यादा परिवार इस सुविधा से जुड़ें।
बुकिंग के झंझट से मिलेगी राहत
पीएनजी का सबसे बड़ा फायदा यह है कि उपभोक्ताओं को हर महीने गैस सिलेंडर बुक कराने की जरूरत नहीं पड़ती। गैस पाइपलाइन के जरिए सीधे घर तक पहुंचती है। इससे सिलेंडर खत्म होने की चिंता भी नहीं रहती और गैस की उपलब्धता लगातार बनी रहती है।
ये भी पढ़ें : LPG e-KYC की डेडलाइन बढ़ी, अब 23 अगस्त तक मिलेगा मौका, जानिए क्या होगा फायदा?
24 घंटे मिलती है गैस सप्लाई
पीएनजी कनेक्शन वाले घरों में गैस की आपूर्ति चौबीसों घंटे जारी रहती है। उपभोक्ताओं को सिलेंडर की डिलीवरी का इंतजार नहीं करना पड़ता। इसके साथ ही गैस स्टोरेज और सिलेंडर बदलने जैसी परेशानियों से भी राहत मिलती है।
घर में नहीं चाहिए अतिरिक्त जगह
एलपीजी सिलेंडर रखने के लिए घर में अलग स्थान की जरूरत होती है, जबकि पीएनजी में ऐसा नहीं है। पाइपलाइन के जरिए गैस सीधे किचन तक पहुंचती है। इससे जगह की बचत होती है और सिलेंडर उठाने-रखने की परेशानी भी खत्म हो जाती है।
जितना इस्तेमाल, उतना भुगतान
पीएनजी में उपभोक्ता को उतनी ही गैस का भुगतान करना पड़ता है, जितनी उसने उपयोग की हो। सरकार का मानना है कि इस सुविधा के विस्तार से शहरी क्षेत्रों में गैस वितरण व्यवस्था और अधिक सुविधाजनक होगी। आने वाले महीनों में अभियान शुरू होने के बाद लाखों नए घरों को इससे जोड़ने का लक्ष्य रखा जा सकता है।