Renuka Chowdhary arrived Parliament: संसद के शीतकालीन सत्र के पहले दिन जहां विपक्ष ने विभिन्न मुद्दों पर हंगामा किया, वहीं कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी एक अलग वजह से चर्चा में रहीं। वह अपनी कार में एक पपी लेकर संसद भवन के परिसर तक पहुँच गईं। इसे लेकर विवाद शुरू हुआ तो उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि यह जानबूझकर किया गया काम नहीं था। उनके मुताबिक रास्ते में स्कूटर और कार की टक्कर हुई थी, और वहीं एक छोटा कुत्ता सड़क पर भटकता मिला। उन्हें लगा कि उसे कोई वाहन टक्कर मार सकता है, इसलिए वह उसे कार में बैठाकर साथ ले आईं और फिर वापस भेज दिया। चौधरी ने कहा कि यह कोई बड़ा मुद्दा नहीं है जिसे लेकर विवाद किया जाए।
सरकार पर तीखा तंज
विवाद बढ़ने पर रेणुका चौधरी ने सरकार पर सीधा हमला बोला। उन्होंने कहा, “हम तो एक बेजुबान जीव की मदद कर रहे थे, लेकिन इसे मुद्दा बनाया जा रहा है। असली काटने वाले तो संसद में बैठे हैं और देश चला रहे हैं।” उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के पास वास्तविक मुद्दों पर बात करने की इच्छाशक्ति नहीं है, इसलिए वे ऐसे मामूली मामलों को तूल देते हैं। उनका कहना था कि उन्होंने केवल मानवीयता के नाते एक पपी को अस्थायी रूप से अपने साथ रखा, लेकिन सरकार इस पर अनावश्यक बहस कर रही है। चौधरी ने कहा कि कुत्ते को घर भेज दिया गया है और इस पर राजनीति करना किसी भी तरह उचित नहीं है।
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पीएम मोदी की विपक्ष को सलाह
सत्र की शुरुआत से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्ष को अपनी भूमिका गंभीरता से निभाने की सलाह दी थी। उन्होंने कहा कि शीतकालीन सत्र देश की प्रगति के लिए अहम है और जनप्रतिनिधियों को मजबूत मुद्दे उठाने चाहिए, न कि बिना कारण ड्रामा करना चाहिए। पीएम ने विपक्ष को चुनावी हार की निराशा से बाहर निकलने की नसीहत भी दी। वहीं, विपक्ष का आरोप है कि सरकार विपक्षी आवाज को दबाने की कोशिश करती है, और संसद में असल मुद्दों पर चर्चा की अनुमति नहीं देती। विवाद के बीच पपी का मुद्दा भी राजनीतिक छींटाकशी का हिस्सा बन गया।