
एशिया कप में पाकिस्तान को पटकने के बाद अब टीम इंडिया ने वेस्टइंडीज के खिलाफ बड़ा कमाल दिखाया है, अहमदाबाद टेस्ट के दूसरे दिन मैदान पर टीम इंडिया के सितारे पूरी तरह छा गए. पहले केएल राहुल ने 9 साल का इंतजार खत्म करते हुए शानदार शतक ठोका और उसके बाद कप्तान शुभमन गिल ने भी पचासा जड़कर वेस्टइंडीज पर कहर बरपाया. गिल की ये पारी इसलिए भी खास रही क्योंकि ये उनकी कप्तानी डेब्यू इनिंग थी. भारतीय सरजमीं पर पहली बार कप्तान बनकर टेस्ट खेलने उतरे शुभमन ने 100 गेंदों में 5 चौकों की मदद से 50 रन की दमदार पारी खेली. इस पारी के साथ उन्होंने इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा लिया.
सुनील गावस्कर के बाद बने दूसरे भारतीय कप्तान
दरअसल, शुभमन गिल अब सुनील गावस्कर के बाद दूसरे भारतीय कप्तान बन गए हैं, जिन्होंने अपनी घरेलू जमीन पर कप्तानी की पहली ही पारी में पचासा या उससे बड़ी पारी खेली. इससे पहले साल 1978 में गावस्कर ने वेस्टइंडीज के खिलाफ मुंबई में अपने कप्तानी डेब्यू पर दोहरा शतक (205 रन) लगाया था यानी 47 साल बाद गिल ने गावस्कर के इस रिकॉर्ड की बराबरी कर दी है क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह पल बेहद खास है, क्योंकि टीम इंडिया को लंबे वक्त बाद एक ऐसा युवा कप्तान मिला है जो बल्ले से भी दमखम दिखा रहा है.
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केएल राहुल संग खेली शानदार पारी
अब अगर बात मैच की करें तो वेस्टइंडीज की पहली पारी भारतीय गेंदबाजों के सामने ज्यादा देर टिक नहीं पाई. कप्तान रोस्टन चेज ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया, लेकिन पूरी टीम सिर्फ 162 रन पर सिमट गई. मोहम्मद सिराज ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 14 ओवर में 40 रन देकर 4 विकेट झटके. जसप्रीत बुमराह ने भी 3 विकेट चटकाए, जबकि कुलदीप यादव और वाशिंगटन सुंदर ने 3 विकेट मिलकर निकाल दिए. कैरेबियाई बल्लेबाजों में जस्टिन ग्रीव्स ने सबसे ज्यादा 32 रन बनाए, लेकिन बाकी बल्लेबाज बिखर गए. इसके बाद बल्लेबाजी में भारत की शुरुआत ठोस रही केएल राहुल ने शानदार शतक लगाकर भारतीय पारी को मजबूती दी और कप्तान गिल ने पचासा ठोककर टीम को बढ़त दिलाने की राह आसान की. राहुल और गिल की साझेदारी ने वेस्टइंडीज के गेंदबाजों को बैकफुट पर धकेल दिया. राहुल ने इस शतक के साथ 9 साल का सूखा तोड़ा तो गिल ने अपने बल्ले से बता दिया कि कप्तानी के दबाव को वो मौके में बदलना जानते हैं.