Supreme Court Sets Back Bhullar: पंजाब के सस्पेंड DIG हरचरण सिंह भुल्लर को भ्रष्टाचार मामले में बड़ी राहत नहीं मिल पाई है। सुप्रीम कोर्ट ने उनकी जमानत याचिका पर सुनवाई करने से साफ इनकार कर दिया। हालांकि अदालत ने यह जरूर कहा कि अगर तय समय में ट्रायल शुरू नहीं होता है, तो वे दोबारा हाई कोर्ट का रुख कर सकते हैं।
हाई कोर्ट जाने की दी गई छूट
सुप्रीम कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि यदि अगले दो महीनों के भीतर मामले का ट्रायल शुरू नहीं होता है, तो हरचरण सिंह भुल्लर पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में फिर से जमानत याचिका दाखिल कर सकते हैं। इससे पहले हाई कोर्ट भी उनकी जमानत याचिका खारिज कर चुका है।
सीबीआई की कार्रवाई
यह मामला पिछले साल अक्टूबर का है, जब CBI ने भ्रष्टाचार के आरोप में हरचरण सिंह भुल्लर को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद उन्हें सस्पेंड कर दिया गया और तब से वह जेल में ही बंद हैं।
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वकील की दलीलें
भुल्लर की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने अदालत में कहा कि उनके मुवक्किल के फरार होने का कोई खतरा नहीं है और मामले में चार्जशीट भी दाखिल हो चुकी है। इसके बावजूद सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने इस स्तर पर हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया।
गंभीर आरोप
हरचरण सिंह भुल्लर पर एक कारोबारी से करीब 8 लाख रुपये की रिश्वत लेने का आरोप है। जांच के दौरान उनके घर से करोड़ों रुपये नकद, सोना, महंगी घड़ियां और अन्य संपत्तियों के दस्तावेज बरामद हुए थे। इसके बाद उन पर आय से अधिक संपत्ति का मामला भी दर्ज किया गया है, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं।