ton: जीभ हमारे स्वास्थ्य के बारे में बहुत कुछ बताती है और यही वजह है कि जब भी हमारी तबियत खराब होती है, तो डॉक्टर सबसे पहले जीभ की जांच करता है। वहीं कई साल पहले जब इतने आधुनिक मेडिकल टेस्ट नहीं हुआ करते थे, तो डॉक्टर जीभ देखकर बीमारी का पता लगा लेते थे। जी हां लिवर, डाइजेस्टिव सिस्टम और अन्य अंगों से जुड़ी समस्याओं के बारे में भी जीभ देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है। कई बार जीभ पर लाल या पीले रंग के धब्बे दिखाई देते हैं, माना जाता है कि जीभ का रंग बदलना शरीर में किसी पोषण की कमी या किसी बीमारी के पनपने का लक्षण हो सकता है। आइए जानते हैं जीभ का रंग बदलना कौन-कौन से बीमारी का लक्षण होता है।
सफेद जीभ
अगर आपके जीभ पर सफेद रंग के छोटे छाले जैसे दिखे, तो यह पेट में दिक्कत का संकेत हो सकता है। सफेद जीभ पाचन खराब होने पर होता है। पेट साफ न होने पर गैस, ब्लोटिंग, एसिडिटी जैसी समस्याएं होती है। साथ ही सफेद जीभ शरीर में खून की कमी की ओर भी इशारा करता है।
पीली जीभ
अगर आपकी जीभ पर पीले रंग की परत है, तो यह यीस्ट इंफेक्शन की ओर इशारा करता है। साथ ही पीली जीभ या जीभ पर पीली परत का होना पीलिया का लक्षण हो सकता है, जो लीवर की बीमारी का एक सामान्य संकेत है
मोटी जीभ
अगर आपकी जीभ मोटी हो रही है, तो यह फैटी लिवर की बीमारी की ओर इशारा है। इसके साथ ही आंतों में जमे टॉक्सिन्स के कारण भी जीभ मोटी होती है। अगर आपको ऐसा कोई फर्क दिखे, तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
नीली और बैंगनी जीभ
वहीं किसी किसी की जीभ पर नीली और बैंगनी लाइन दिखती हैं, ऐसे में यह गॉल ब्लैडर में पथरी, लिवर में ब्लॉकेज की ओर इशारा करता है। नीली और बैंगनी जीभ लिवर से जुड़ी बीमारी के कारण होती है।
चिकनी जीभ
जीभ हल्की खुरदरी होती है। अगर ये अचानक से चिकनी हो जाए, तो ये शरीर में विटामिन और दूसरे पोषक तत्वों की कमी का लक्षण हो सकता है। ऐसा होने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
लाल जीभ
अगर आपके जीभ का रंग जरूरत से ज्यादा लाल दिख रहा है तो ऐसा शरीर में इंफेक्शन के कारण हो सकता है। लाल जीभ शरीर में गर्मी बढ़ने, बुखार आने, सूजन आने और पित्त बढ़ने का लक्षण है।
गुलाबी जीभ
अगर आपकी जीभ का रंग गुलाबी है, तो यह एक स्वस्थ शरीर की ओर इशारा करता है। गुलाबी जीभ का मतलब है कि आप एक हेल्दी लाइफस्टाइल को अपना रहे हैं।